Categories


MENU

We Are Social,
Connect With Us:


Categories


MENU

We Are Social,
Connect With Us:

☀️
–°C
Fetching location…

Veer Birsa Munda Cyclothon: आज से शुरू हो रही ऐतिहासिक यात्रा, रांची से दिल्ली तक साइकिल से नापेंगे 1300 KM

Veer Birsa Munda Cyclothon: आज से शुरू हो रही ऐतिहासिक यात्रा, रांची से दिल्ली तक साइकिल से नापेंगे 1300 KM

रांची : एनसीसी निदेशालय बिहार एवं झारखंड, एनसीसी ग्रुप मुख्यालय, रांची के तत्वावधान में “वीर बिरसा मुंडा साइक्लोथॉन” का आयोजन होगा। यह ऐतिहासिक पहल “शौर्य के कदम – क्रांति की ओर” थीम पर आधारित है, जिसका उद्देश्य महान जनजातीय नायक धरती आबा वीर बिरसा मुंडा की विरासत का सम्मान करते हुए राष्ट्रीय एकता, सांस्कृतिक गौरव और सामूहिक राहभागिता को प्रोत्साहित करना है। यह साइक्लोथॉन वीर बिरसा मुंडा की अदम्य भावना को स्मरण करते हुए युवाओं को साहस, सेवा और राष्ट्रीय एकीकरण के पथ पर अग्रसर करने की एक प्रेरणादायी यात्रा है। यह आयोजन दो चरणों में सम्पन्न किया जायेगा।
साइक्लोथॉन का पहला चरण 18 से 20 दिसम्बर 2025 तक झारखंड की पवित्र धरती पर तीन विभिन्न मार्गों से होकर आयोजित किया जायेगा। यह चरण उन प्रमुख स्थलों को स्पर्श करेगा, जो वीर बिरसा मुंडा के जीवन और संघर्ष से गहराई से जुड़े हुए हैं। इस चरण में एनसीसी अधिकारी, स्थायी प्रशिक्षक स्टाफ एवं एनसीसी कैडेट्स, जिनमें बालिका कैडेट्स भी शामिल होंगी, उत्साहपूर्वक भाग लेंगे। यह सहभागिता एकता, अनुशासन और समावेशिता की सशक्त अभिव्यक्ति होगी। प्रथम चरण का समापन मोरहाबादी मैदान, रांची में एक भव्य स्वागत समारोह के साथ होगा।
द्वितीय चरण एक चुनौतीपूर्ण एवं प्रेरणादायी यात्रा होगी जो रांची से नयी दिल्ली तक लगभग 1300 किलोमीटर की दूरी तय करेगी। यह यात्रा 20 दिनों की अवधि में झारखंड, बिहार, उत्तर प्रदेश, हरियाणा एवं दिल्ली राज्यों से होकर गुजरेगी। इस चरण को 28 दिसम्बर 2025 को बिरसा मुंडा कारागार परिसर, रांची से हरी झंडी दिखाकर रवाना किया जायेगा। इस यात्रा में दो एनसीसी अधिकारी, दो स्थायी स्टाफ एवं 16 एनसीसी कैडेट्स, जिनमें बालिका कैडेट्स भी शामिल होंगी, भाग लेंगे। ये सभी प्रतिभागी वीर बिरसा मुंडा की अदम्य भावना से ओतप्रोत झारखंड के युवा दूत होंगे। इस चरण का समापन 28 जनवरी 2026 को नयी दिल्ली में प्रधानमंत्री की रैली के दौरान होगा, जो राष्ट्रीय स्तर पर धरती आबा वीर बिरसा गुंडा को समर्पित एक गरिमामय श्रद्धांजलि होगी।
वीर बिरसा मुंडा साइक्लोथॉन केवल साइ‌किल यात्रा नहीं है, बल्कि यह शारीरिक सहनशक्ति, सांस्कृतिक गौरव और राष्ट्रीय एकता को बढ़ावा देने वाला एक जनआन्दोलन है। यह हमारे गौरवशाली अतीत और आशावान भविष्य के बीच सेतु का कार्य करता है, जिसे एनसीसी कैडेट्स की ऊर्जा और उत्साह से बल मिलता है। जब यह दल नगरों और राज्यों से होकर आगे बढ़ेगा, तो वह केवल वीर बिरसा मुंडा की गाथा ही नहीं, बल्कि नए झारखंड के आत्मविश्वासी, सशक्त और प्रगतिशील स्वरूप की कहानी भी देशभर में पहुंचाएगा। प्रत्येक पैडल स्ट्रोक शक्ति, बलिदान और सेवा के अमर संदेश को सशक्त करेगा।
इस अद्‌भुत यात्रा का पहला चरण 18 से 20 दिसम्बर 2025 तक झारखंड की पवित्र भूमि के माध्यम से तीन अलग-अलग मागों पर आयोजित किया जायेगा, जो वीर बिरसा मुंडा के चरणों की गूंज वाले महत्वपूर्ण स्थलों को छुएगा। इस चरण में तीन अधिकारियों, तीन स्थायी कर्मचारियों और 24 एनसीसी कैडेटों, जिनमें कन्या कैडेट भी शामिल हैं, की समर्पित भागीदारी होगी, जिन्हें प्रशासनिक कर्मचारियों द्वारा समर्थित किया जायेगा, जो एकता, अनुशासन और समावेशिता का सच्चा प्रतिनिधित्व है। यह चरण मोहराबादी मैदान, रांची में एक भव्य स्वागत समारोह में रामाप्त होगा, जहां झारखंड के माननीय मुख्यमंत्री श्री हेमंत सोरेन साइक्लोथॉन का औपचारिक रूप से स्वागत करेंगे।
दूसरा चरण रांची से नयी दिल्ली तक की चुनौतीपूर्ण और प्रेरणादायक यात्रा होगी, जो 28 दिसम्बर 2025 से 16 जनवरी 2026 तक 20 दिनों की अवधि में फैलेगा, और इसे 28 दिसम्बर 2025 को रांची के बिरसा मुंडा जेल कॉम्प्लेक्स से झारखंड के माननीय राज्यपाल द्वारा शुभारम्भ किया जायेगा। रांची से नयी दिल्ली की यह यात्रा देशभर में एकता, साहस और सांस्कृतिक गर्व का संदेश ले जायेगी, जिसमें दो अधिकारियों, दो स्थायी कर्मचारियों और 16 एनसीसी कैडेट्स की टीम गर्व से शामिल होगी, जिनमें बहादुर युवाओं की झारखंड की प्रतिनिधि लड़‌कियों की भी भागीदारी होगी, जो वीर बिरसा मुंडा की अदम्य आत्मा से भरी हुई हैं। यह चरण नई दिल्ली में 27 जनवरी 2026 को प्रधानमंत्री के रैली में भव्य स्वागत समारोह के साथ समाप्त होगा, जो धरती आबा वीर बिरसा मुंडा को सर्वोच्च राष्ट्रीय मंच पर एक सुसंगत श्रद्धांजलि होगी।
यह साइक्लोथॉन केवल साइकिल यात्रा से अधिक है। यह एक आन्दोलन है, जो शारीरिक सहनशक्ति, सांस्कृतिक गर्व और राष्ट्रीय एकता को बढ़ावा देता है। यह हमारे गौरवशाली अतीत और हमारे आकांक्षी भविष्य को एक साथ लाता है, जिसे हमारे एनसीसी कैडेटों की जीवंत ऊर्जा संचालित करती है। जैसे ही टीम शहरों और राज्यों के बीच साइकिल चलायेगी, यह केवल वीर बिरसा मुंडा की कहानी ही नहीं, बल्कि नए झारखंड की आत्मविश्वासी और मजबूत स्थिति की कहानी भी ले जायेगा। साइकिल चालकों द्वारा प्रत्येक पैडल स्ट्रोक शक्ति, बलिदान और सेवा का संदेश होगा।

Share this:

Latest Updates