▪︎ जांच एजेंसियों को नहीं मिल रही पुख्ता जानकारी
▪︎ आतंकी आदिल, मूसा और अली से सम्पर्क में 2 या 3 ओवरग्राउंड वर्कर्स
Srinagar News : पहलगाम हमले को महीना हो गया, सेना लगातार आॅपरेशन चला रही हैं, लेकिन आतंकियों को पकड़ नहीं सकी है। जांच में बस तीन नाम पता चले, आदिल, मूसा और अली। तीनों पर 20-20 लाख का इनाम रखा गया, 03 हजार से ज्यादा लोगों से पूछताछ हुई, 113 लोग अरेस्ट किये गये, लेकिन आदिल, मूसा और अली का पता नहीं चला। उनकी लोकेशन तक ट्रेस नहीं हुई है। जांच एजेंसियों को इसकी दो वजह मान रही है।
जांच एजेंसियों पहली वजह मान रही हैं कि आतंकी 02 या 03 ओवरग्राउंड वर्कर्स के ही सम्पर्क में हैं, वहीं उन्हें जरूरी सामान पहुंचा रहे हैं। इससे आतंकियों को ट्रेस करना मुश्किल हो रहा है।
दूसरी वजह आतंकी जंगल, गुफाओं या पहाड़ी इलाकों में बने हाइड आउट में छिपे हैं, क्योंकि घरों में बने हाइड आउट की खबर लीक होने का खतरा होता है।
जम्मू कश्मीर के रिटायर्ड डीजीपी एसपी वैद्य, भारत की खुफिया एजेंसी रॉ के प्रमुख रहे ए.एस. दुलत और सुरक्षा एजेंसियों में अपने सूत्रों से बात की। जांच एजेंसियों से जुड़े सूत्रों का मानना हैं कि आतंकी लगातार घने जंगल, पहाड़ों और गुफाओं में बने हाइड आउट में छिप रहे हैं। वे रात में लोकेशन बदल रहे हैं। आतंकियों की मदद सिर्फ 02 से 03 ओवर ग्राउंड वर्कर ही कर रहे हैं। ये उन आंतकियों के बेहद करीबी हैं। यही ओवर ग्राउंड वर्कर दूसरे नेटवर्क द्वारा आतंकियों की मदद कर रहे हैं। आशंका है कि बायसरन घाटी में अटैक करनेवाले आतंकी पिछले कई महीनों से कश्मीर में किसी से सीधे कॉन्टैक्ट में नहीं थे। सिर्फ वही खास 02-03 लोकल ओवर ग्राउंड वर्कर के सम्पर्क में रहे हैं। इसलिए उनके बारे में सटीक सूचना मिलने में दिक्कत हो रही है।



