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Durga Puja : इस बार सप्तमी के घोड़े पर सवार होकर आएंगी दुर्गा जी और भैंसे पर जाएगी, जानें इसका फल

Durga Puja : इस बार सप्तमी के घोड़े पर सवार होकर आएंगी दुर्गा जी और भैंसे पर जाएगी, जानें इसका फल

Dharma-Karma, Spirituality, Astrology, Dharm- adhyatm, religious : शारदीय नवरात्र 15 अक्टूबर रविवार से शुरू होगा और 24 अक्टूबर मंगलवार को विजयादशमी होगी। यह नवरात्रि पूरे नौ दिनों की होगी। 15 अक्टूबर को प्रतिपदा दिनभर है, परन्तु वैधृति योग दोपहर 11*56 तक है और अभिजित मुहूर्त दोपहर 11*36 से 12*56 तक है। प रामदेव पाण्डेय के अनुसार 20 अक्टूबर शुक्रवार को षष्ठी होगा। इस दिन बेलभरण पूजा होगी। इस दिन सूर्यास्त शाम 5*41 बजे है। महासप्तमी 21 अक्टूबर शनिवार को है। इस दिन भगवती देवी का आगमन कैलाश पर्वत से पूजा पण्डालों में होगा, जो नवपत्रिका प्रवेश कहलाता है। भगवती इस बार घोड़े पर सवार होकर आ रही हैं। इसका फल अशुभ होता है। विजयादशमी 24 अक्टूबर मंगलवार को है। भगवती का प्रस्थान भैंसे पर होगा जो शोक का कारक है। महाष्टमी का उपवास 22 अक्टूबर रविवार को होगा। इसलिए सन्धि पूजा शाम 5*25 बजे हर पूजा पण्डालों में होगी। 24 अक्टूबर मंगलवार को नवरात्र का पारण होगा।

प्रतिपदा के अनुसार नाव पर आएंगी देवी

इस बार दुर्गा जी सप्तमी के घोड़े पर सवार होकर आएंगी और भैंसे पर सवार होकर जाएंगी। प्रतिपदा के अनुसार नाव पर आएंगी देवी जो शुभ है, पर शास्त्रीय मत सप्तमी को ही माना जाता है। 15 अक्टूबर से 23 अक्टूबर तक नवरात्रि नौ दिनों का होगा। कलश स्थापन -15 अक्टूबर दिन रविवार, महासप्तमी –  21 अक्टूबर शनिवार, महाअष्टमी – 22 अक्टूबर रविवार, महानवमी – 23 अक्टूबर दिन सोमवार 

विजयादशमी – 24 अक्टूबर मंगलवार 

पितृ पक्ष :  पितृ तर्पण की तिथि 

जितिया पूजन तथा उपवास- 6 अक्टूबर को है। 7 अक्टूबर को दिन 10*30 बाद पारण करें।

सरगहई- 5 अक्टूबर के रात वाली सुबह भिनसर भोर में सुर्योदय 5 बजे के पहले कर लें।

30.9.2023 महालया आरंभ। प्रतिपदा का श्राद्ध तर्पण।

01.10.2023 रविवार द्वितीया श्राद्ध 12:10 दिन तक इसके बाद तृतीया श्राद्ध तर्पण होगा।

02.10.2023 तृतीया श्राद्ध 10:42 दिन तक इसके बाद चतुर्थी का श्राद्ध तर्पण होगा।

03.10.2023 मंगलवार चतुर्थी श्राद्ध 9:39 दिन तक, इसके बाद पंचमी श्राद्ध तर्पण होगा।

04.102023 बुधवार पंचमी श्राद्ध 9:04 दिन तक । इसके बाद षष्टी श्राद्ध तर्पण होगा ।

05.10.2023 गुरुवार प्रात 8:58 तक षष्टी श्राद्ध , इसके बाद सप्तमी श्राद्ध तर्पण होगा।

06.10.2023 शुक्रवार सप्तमी श्राद्ध 9:25 दिन तक इसके बाद अष्टमी का श्राद्ध तर्पण होगा।

07.10.2023 शनिवार 10:21 तक अष्टमी का श्राद्ध इसके बाद नवमी का श्राद्ध तर्पण होगा।

08.10.2023 रविवार नवमी श्राद्ध 11:46 दिन तक इसके बाद दशमी का श्राद्ध तर्पण होगा।

09.102023 सोमवार दशमी श्राद्ध 1:32 दिन तक, इसके बाद एकादशी का श्राद्ध तर्पण होगा।

10.10.2023 मंगलवार 3:34 दिन तक एकादशी का श्राद्ध होगा।

11.102023 द्वादशी बुधवार को द्वादशी श्राद्ध 5.41 शाम तक है।

12.10.2023 गुरुवार आज त्रयोदशी श्राद्ध दिन भर चलेगा

13.10.2023 शुक्रवार चतुर्दशी श्रद्धा दिन भर चलेगा।

14.10.2023 अमावस्या शनिवार आज प्रातः से दिन भर अमावस्या का श्राद्ध चलेगा पितृ विसर्जन आज 10:54 रात तक हो जाएगा।

नोट: गया में जाकर पिंड करवाने के लिए इस नंबर पर संपर्क करें- 8877003232

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