▪︎ सीसीएल कुजू क्षेत्र की करमा परियोजना के लीज एरिया में हादसा
Ranchi News: सीसीएल कुजू क्षेत्र की करमा परियोजना के लीज एरिया में हादसा
अवैध खनन के दौरान धंसी चाल, 04 की मौत
रामगढ़ : रामगढ़ जिले के सीसीएल कुजू क्षेत्र की करमा परियोजना में शनिवार को बड़ा हादसा हुआ है। सीसीएल की लीज एरिया में अवैध खनन के दौरान चाल धंसने से 04 लोगों की मौत होने की सूचना है। ग्रामीणों द्वारा आनन-फानन में 03 शवों को निकाल ले जाने की सूचना है। जबकि, एक शव को घटनास्थल पर रख कर विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। घटना की सूचना पाकर पुलिस राहत कार्य में जुट गयी है। वहीं, सीसीएल अधिकारी अपने बचाव में जुटे हैं।
क्या है मामला
जानकारी के अनुसार करमा के महुआटुंगरी के ग्रामीण शनिवार की अल-सुबह सीसीएल के लीज एरिया कर्मा परियोजना में कोयला चोरी करने पहुंचे थे। यहां अवैध खनन के दौरान कोयला का एक बड़ा हिस्सा धंस गया। इसमें 04 लोग दब गये। चारों की मौत होने की सूचना है। घटना के बाद आनन-फानन में ग्रामीणों द्वारा 03 शवों को निकाल कर ले जाने की सूचना है। जबकि, एक शव अन्दर ही रह गया। इसके बाद सीसीएल के अधिकारियों ने अपनी गलती को छुपाने की जल्दबाजी में पेलोडर लगा कर शव हटाने का प्रयास किया। लेकिन, जेएलकेएम के नेता बिहारी महतो पहुंचे और मुआवजा की मांग को लेकर विरोध-प्रदर्शन शुरू कर दिया। समाचार लिखे जाने तक घटनास्थल पर शव को रख कर विरोध प्रदर्शन चल रहा था।
डीसी ने कहा-दोषियों पर की जायेगी कड़ी कार्रवाई
झारखंड के रामगढ़ के सीसीएल कुजू प्रक्षेत्र की करमा परियोजना की खदान में शनिवार को सुबह चाल धंसने से 04 मजदूरों की मौत के बाद जिला प्रशासन हरकत में आ गया है। रामगढ़ डीसी फैज अक अहमद मुमताज ने कहा कि हादसे की गहन जांच की जायेगी और इसके लिए
जिम्मेदार दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जायेगी। उधर, घटनास्थल पर लोग शव को रख कर विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं।
डीसी ने इस पूरे मामले की गम्भीरता पूर्वक जांच करने के निर्देश दिये हैं। उन्होंने बताया कि 19 जून को जिला स्तरीय खनन टास्क फोर्स की बैठक में इन्हीं दुर्घटनाओं को रोकने के लिए स्पष्ट निर्देश दिये गये थे कि ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति ना हो। इसके बावजूद करमा खदान में शनिवार की सुबह हादसा हो गया, जिसमें 04 मजदूरों की जान चली गयी। उन्होंने कहा कि सीसीएल के सभी जीएम को एक बार फिर निर्देश भेजा जायेगा। जिस क्षेत्र में घटना हुई है, वहां के जीएम को शो-कॉज नोटिस भी भेजी जायेगी।
डीसी की चेतावनी भी नहीं सुधार सकी बेपरवाह सीसीएल को
सीसीएल के जीएम से लेकर माइंस में मौजूद अधिकारियों की बेपरवाही से शनिवार को 04 मजदूरों की जान चली गयी। सबसे बड़ी बात यह है कि डीसी फैज अक अहमद मुमताज की चेतावनी भी बेपरवाह सीसीएल को जगा नहीं पायी। इतने बड़े हादसे की जिम्मेदारी किसके सिर पर जायेगी, यह कह पाना मुश्किल है। सीसीएल के सुरक्षाकर्मियों की ड्यूटी क्या है और किस तरह वे उसे निभा रहे हैं, यह भी अब इस हादसे के बाद स्पष्ट हो गया है।
अवैध माइनिंग के खिलाफ जिला प्रशासन के हैं सख्त तेवर
हालांकि चाल धंसने की घटना कोयलांचल में पहली बार नहीं हुई है। लेकिन, यह पहली बार जरूर हुआ है जब सीसीएल की खदानों में अवैध माइनिंग को बंद करने के लिए जिला प्रशासन ने कड़े तेवर दिखाये हैं। डीसी ने कहा कि सीसीएल के सीएमडी को भी खदानों की सुरक्षा के लिए सीआईएसएफ के जवानों को तैनात करने के निर्देश भी दिये जा चुके हैं। जिला प्रशासन खनन टास्क फोर्स की बैठक में निर्देश तो देता है, लेकिन सीसीएल उन निर्देशों को अपने कूड़ेदान में डाल देता है।



