Categories


MENU

We Are Social,
Connect With Us:


Categories


MENU

We Are Social,
Connect With Us:

☀️
–°C
Fetching location…

Big decision : हाई कोर्ट ने जेपीएससी में संविदा पर कार्यरत कर्मी की सेवा नियमित करने का दिया आदेश

Big decision : हाई कोर्ट ने जेपीएससी में संविदा पर कार्यरत कर्मी की सेवा नियमित करने का दिया आदेश

Jharkhand High court news : झारखंड के मुख्य न्यायाधीश संजय कुमार मिश्रा की अध्यक्षता वाली खंडपीठ ने सोमवार को जेपीएससी में संविदा पर नियुक्त कर्मी की सेवा 45 दिनों के भीतर नियमित करने का निर्देश जेपीएससी को दिया है। साथ ही, वर्ष 2014 से इनकी सेवा को नियमित मानते हुए इन्हें सारी सुविधा देने का निर्देश दिया है। खंडपीठ ने सुखविलास उरांव की अपील याचिका पर सुनवाई करते हुए यह आदेश दिया। खंडपीठ ने वर्ष 2022 में याचिकाकर्ता की याचिका को एकल पीठ द्वारा खारिज किये जाने और जेपीएससी द्वारा उसे वर्ष 2010 में हटाये जाने के आदेश को असंवैधानिक ठहराया। खंडपीठ ने याचिकाकर्ता की याचिका को निष्पादित कर दिया। मामले में याचिकाकर्ता की ओर से अधिवक्ता सृष्टि सिन्हा एवं अधिवक्ता शशांक शेखर झा ने पैरवी की।

सुखविलास उरांव की नियुक्ति संविदा पर वर्ष 2004 में जेपीएससी में दफ्तरी के पद पर हुई थी

उल्लेखनीय है कि सुखविलास उरांव की नियुक्ति संविदा पर वर्ष 2004 में जेपीएससी में दफ्तरी के पद पर हुई थी। लेकिन, वर्ष 2010 में उसे हटा दिया गया और फिर से उसकी नियुक्ति संविदा पर की गयी। सुखविलास ने वर्ष 2010 में नौकरी से हटाये जाने के आदेश को हाई कोर्ट में चुनौती दी थी। हाई कोर्ट की एकल पीठ ने वर्ष 2022 में याचिकाकर्ता की याचिका को खारिज करते हुए कहा था कि सुखविलास संविदा पर कार्यरत है उसे हटाना या ना हटाना जेपीएससी पर निर्भर करता है। कोर्ट ने याचिकाकर्ता को राहत नहीं देते हुए उसकी याचिका खारिज कर दी थी, जिसके बाद याचिकाकर्ता की ओर से हाई कोर्ट की खंडपीठ में अपील दाखिल की गयी थी, जिस पर सोमवार को झारखंड हाई कोर्ट में सुनवाई हुई।

Share this:

Latest Updates