Mumbai : महाराष्ट्र में दक्षिण-पश्चिम मानसून 107 साल पुराना रिकॉर्ड तोड़ते हुए समय से पहले प्रवेश कर चुका है। मुंबई में मूसलधार बारिश ने जनजीवन को रोक कर रख दिया है। भारी बारिश की वजह से सड़कों पर जलभराव, रेलवे ट्रैकों पर पानी, और हवाई उड़ानों में देरी जैसी समस्याएं आम हो गई हैं। भारतीय मौसम विभाग ने 26 मई को मुंबई के लिए येलो अलर्ट जारी किया है।
बारिश के चलते मुंबई एयरपोर्ट से उड़ान भरने और लैंड करने वाली कई फ्लाइट्स प्रभावित हुई हैं। इस स्थिति को देखते हुए स्पाइसजेट ने अपने यात्रियों को चेतावनी दी है। मौसम विभाग के मुताबिक अगले 24 घंटे में भारी बारिश की संभावना बनी हुई है और लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है। मुंबई नगर निगम ने निवासियों से अपील की है कि जब तक बहुत जरूरी न हो, घर से बाहर न निकलें। साथ ही शहर की 96 इमारतों को असुरक्षित घोषित किया गया है और उनमें रह रहे लगभग 3,100 लोगों को सुरक्षित स्थानों पर शिफ्ट किया गया है। मौसम विभाग के अनुसार इस साल दक्षिण-पश्चिम मॉनसून ने सामान्य से पहले ही महाराष्ट्र में दस्तक दे दी है। अगले कुछ दिनों में मुंबई में तेज बारिश के साथ पूरी तरह सक्रिय होने की संभावना है। मुंबई, ठाणे और पालघर जैसे तटीय जिलों के लिए चेतावनी जारी की गई है, जहां पर समुद्री हवाओं के तेज बहाव और बिजली गिरने जैसी घटनाओं की आशंका बनी हुई है, जिसके लिए स्थानीय प्रशासन ने नागरिकों से विशेष सतर्कता बरतने की अपील की है। साथ ही लोकल ट्रेनों और बसों की सेवाओं पर लगातार निगरानी रखी जा रही है और यात्रियों को आवश्यक सलाह दी गई है कि वे सुरक्षित रहें और बिना जरूरत बाहर न निकलें। मौसम विभाग का अनुमान है कि अगले कुछ दिनों तक मुंबई और महाराष्ट्र के कई हिस्सों में लगातार तेज बारिश जारी रहेगी, जिससे जनजीवन पर और अधिक प्रभाव पड़ सकता है। नागरिकों से अनुरोध है कि वे सतर्क रहें, स्थानीय प्रशासन की घोषणाओं का पालन करें और आवश्यक सावधानियां बरतें।
ठाणे जिले में उल्हास नदी उफान पर, बदलापुर में लोगों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया गया
ठाणे जिले में पिछले दो दिनों से हो रही मूसलाधार बारिश से इस क्षेत्र में बहने वाली उल्हास नदी उफान पर है। बदलापुर में 4 घंटे में 160 मिमी बारिश दर्ज की गई और 100 नागरिकों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया गया। जिला कलेक्टर अशोक शिंगारे ने ठाणे जिले में खतरनाक इमारतों में रहने वाले ७०० परिवारों को चिन्हित किया है। इन सभी को जल्द सुरक्षित स्थल पर स्थानांतरित किया जाएगा। अशोक शिंगारे ने सोमवार को बताया कि जिले में रातभर मध्यम बारिश हुई, बदलापुर और मुरबाड इलाकों में बारिश की तीव्रता सबसे अधिक रही। जिले के सभी नगर निगम क्षेत्रों में बारिश हुई है, सभी क्षेत्रों में स्थिति नियंत्रण में है। जलमग्न बदलापुर रेलवे स्टेशन अब पूरी तरह से सूख गया है तथा सभी स्थानीय सेवाएं पुन: बहाल हो गई हैं। लोकल ट्रेनें दस से पंद्रह मिनट देरी से चल रही हैं, लेकिन कहीं भी ट्रेनें पूरी तरह बंद नहीं की गई हैं। अशोक शिंगारे ने बताया कि सभी स्थानों पर सडक यातायात सुचारू रूप से चल रहा है।
अशोक शिंगारे ने बताया कि मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने सुझाव दिया है कि लोगों को एक-दूसरे के प्रति सतर्क और सकारात्मक रहना चाहिए तथा प्राकृतिक आपदा, बारिश और बाढ़ आने पर प्रशासन को सकारात्मक प्रतिक्रिया देनी चाहिए। इसलिए, हम उसी तरह से काम कर रहे हैं। जिले में 700 खतरनाक इमारतें हैं, जिनके परिवारों को अन्य स्थानों पर स्थानांतरित करने का कार्य प्रगति पर है। नाले की सफाई के संबंध में, 70/80 प्रतिशत नाले की सफाई पूरी हो चुकी है।
ठाणे जिले में स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है। वर्तमान स्थिति में उल्हास नदी खतरे के स्तर के करीब बह रही है। प्रशासन इस पर कड़ी नजर रखे हुए है और क्षेत्र का दौरा कर निरीक्षण भी किया है। जिला कलेक्टर ने सभी से यही अपील है कि यदि आवश्यक हो तो ही घर से बाहर निकलें। जिले में कहीं भी भूस्खलन की कोई घटना नहीं हुई है। जिले में कुछ भूस्खलन प्रबंधन स्थलों का निरीक्षण किया गया है, जिले में 152 भूस्खलन स्थल हैं, जो कसारा, मुरबाड, मुरबाड राजमार्ग, मुंब्रा, कलवा में हैं, यहां पर्याप्त निवारक उपाय किए गए हैं।
बदलापुर में 4 घंटे में 160 मिमी बारिश दर्ज की गई
बदलापुर में 4 घंटे में 160 मिमी बारिश दर्ज की गई और 100 नागरिकों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया गया। आपातकालीन स्थिति में 12,000 नागरिकों को निकालने की तैयारी की गई। नगर निगम की मशीनरी बाढ़ की स्थिति से निपटने के लिए तैयार है। मुख्य प्रशासकीय अधिकारी मारुति गायकवाड़ ने बताया कि बदलापुर में आज मात्र 4 घंटे में 160 मिलीमीटर बारिश हुई। उल्हास नदी के चेतावनी स्तर पर पहुंचने के कारण नगर निगम प्रशासन ने 100 नागरिकों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया है।
मुख्य अधिकारी मारुति गायकवाड़ ने बताया है कि यदि बाढ़ की स्थिति उत्पन्न होती है तो नगर निगम 12,000 नागरिकों को स्थानांतरित करने के लिए तैयार है। आज सुबह से हो रही बारिश में कोई हताहत या संपत्ति की क्षति नहीं हुई है। मारुति गायकवाड़ ने यह भी बताया कि सुबह मेट्रो में फंसी कार को क्रेन की मदद से तत्काल हटा दिया गया। प्रशासन ने भी मौसम विभाग ने बारिश की चेतावनी के मद्देनजर नागरिकों से सतर्क रहने की अपील की है।
महाराष्ट्र में बारिश ने तोड़ा 107 साल पुराना रिकॉर्ड, मुंबई के कई इलाकों में जलभराव

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